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चीन का मिलान: सॉफ्टवेयर की मदद से सर्वर को टारगेट कर रहा है चीन; एजुकेशन, डिफेन्स और हेल्थ सहित इन ऑर्गनाइजेशन कोन


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नई दिल्ली22 मिनट पहले

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अमेरिकन टेक कंपनी ने कहा कि चीन से होने वाले नए साइबर अटैक को लेकर समीक्षा की गई है। उन्होंने कहा कि चीन सॉफ्टवेयर की मदद से सर्वर को टारगेट कर रहा है। इसे हफनियम कहा जा रहा है। इससे बीमारी की रिसर्च करने वाली फर्म, लॉ फर्म, हायर एजुकेशन इंस्टीट्यूशन, डिफेंस कॉन्ट्रेक्टर्स, पॉलिसी फर्म, एनजीओ जैसी संस्था पर साइबर अटैक हो रहा है।

जिम में कस्टमर एंड ट्रस्ट के इंजीनियरिंग वाइस प्रेसिडेंट, टॉम बर्ट ने कहा, “हफनियम चीन में स्थित है। यह मुख्य रूप से अमेरिका में लीज क्लास प्राइवेट सर्वर (वीपीएस) का संचालन करता है।”

इस तरह किया जा रहा है टारगेट
इंटेल थ्रेट इंटेलिजेंस सेंटर (MSTIC) ने इस बात का पता लगाया है कि हफियम किसी एक्सक्लूसिव सर्वर तक पहुंचने से पहले पासवर्ड चुराता है। दूसरा, यह एक ऐसा वेब शेल बनाता है जिससे सर्वर को रिमोटली कंट्रोल किया जा सके। तीसरा, यह उस रिमोट एक्सेस का उपयोग करता है, जो यूएस-बेस्ड प्राइवेट सर्वर से चलता है।

नया सिक्योरिटी अपडेट जारी किया
कंपनी ने ग्राहकों की सुरक्षा के लिए उत्कृष्टता सर्वर के लिए सिक्योरिटी अपडेट जारी किया है। ये अपडेट सभी एक्सचेंज सर्वरों को तुरंत लागू करने के लिए प्रेरित करता है। पिछले 12 महीनों में यह आठवीं बार है जब लोगों ने सार्वजनिक रूप से सिविल सोसायटी की महत्वपूर्ण संस्थाओं को टारगेट करने वाले समूह का गठन किया है।

2020 के चुनाव भी टारगेट में हुए
बर्ट ने कहा, “उत्कृष्टता सर्वर से मुख्य रूप से बिजनेसेस कस्टमर्स द्वारा उपयोग किए जाते हैं। हमारे पास अभी तक कोई सबूत नहीं है कि हफ़ियम की एक्टिविटी से इंडीविजुअल कंज्यूमर या किसी अन्य कंपनी प्रोडक्ट को टारनेटेट किया है। हमने जो गतिविधि का खुलासा किया है उसमें है। कोविड -19 से लड़ने वाली हेल्थ ऑर्गनाइजेशन, राजनीतिक अभियान और 2020 के अन्य चुनाव को टारगेट किया गया है।)

जनवरी में हुआ था खुलासा
जनवरी में स्नातकों ने माना था कि रूसी हैकर्स ने कई इंटर्सेस और सरकारी एजेंसियों को साइबर हमले से नुकसान पहुंचाया था। हैकर्स ने सोलरविंड्स कोड की मदद से इन एक्टिविटी को अंजाम दिया था। लोगों ने पाया कि उसके सिस्टम में टाइपिंग की गई थी।

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