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यूपी पंचायत चुनाव 2021: चुनाव से पहले दावेदारों ने लाखों खर्च किए, अब आरक्षण को गले की फांस बना लिया


पंचायत चुनावों के बारे में।

त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में आरक्षण प्रक्रिया ने चुनाव के दावेदारों का गणित बिगाड़ दिया है। कुछ ऐसे भी दावेदार हैं जो पिछले काफी समय से अपने पक्ष में माहौल बनाने के लिए ग्राम पंचायत में लाखों रुपए कर चुके हैं।

  • News18Hindi
  • आखरी अपडेट:26 फरवरी, 2021, 10:13 AM IST

मेरठ। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में आरक्षण प्रक्रिया ने तमाम दावेदारों का गणित बिगाड़ दिया है। चुनाव से पहले बहुत से दावेदार थे, जो काफी समय से माहौल को अपने पक्ष में करने के लिए ग्राम पंचायत में लाखों रुपये खर्च कर चुके हैं। तमाम लोगों ने कोरोना काल में लोगों की मदद करने के साथ-साथ गांव को कई बार सैनिटरीज़ तक बनाया। इसके अलावा अन्य कार्य भी लगातार करते रहते हैं। अब अपने हाथ से सीट को जाते देख दावेदार चक्कर काट आरक्षण अपने पक्ष में करने की जुगत में जुटे हैं।

कोरोना काल में लाकडाउन लगने के दौरान माछरा और उसला परीक्षितगढ़ ब्लाक क्षेत्र के कई गांवों में दावेदारों ने खूब काम किया। गांवों में सैनिटरीजर का छिड़काव कराने के साथ गरीबजन की अन्न और धन से भी मदद की। इसके अलावा कई दावेदारों ने नववर्ष पर दावत का आयोजन भी किया। घर-घर जाकर बधाई संदेश भी दिया गया, लेकिन अब आरक्षण की प्रक्रिया में बदलाव और नियम सख्त होने के साथ ही दावेदारों की हालत खराब हो रही है।

चुनाव के तीन दावेदार विकास भवन पहुंचे और जिला पंचायत राज विभाग के कर्मचारियों से आरक्षण की प्रक्रिया में बदलाव को लेकर लगभग गिड़गिड़ाते से नजर आए। बातचीत में दावेदारों ने बताया कि इस बार पूरी उम्मीद थी कि फैसला उनके पक्ष में होगा। इसलिए गांव में माहौल बनाने के लिए लाखों रुपये फूंक दिए गए, लेकिन अब बदली प्रक्रिया की उम्मीद टूट रही है।

सीडीओ शशांक चौधरी ने बताया कि त्रिस्तरीय ग्राम पंचायत चुनाव को लेकर ब्लाक स्तर पर आरक्षण की सूची तैयार हो चुकी है। अब सूची को अधिकारियों के समक्ष प्रस्तुत करने की तैयारी है। उधर, आरक्षण की पड़ने वाली मार से बेहाल हो रहे दावेदारों की स्थिति हरजातक में एक तरह ही है। दावेदार अब बनने वाले समीकरण पर निगाह लगाए हुए हैं। त्रिस्तरीय ग्राम पंचायत चुनाव के लिए आरक्षण की प्रक्रिया पूरी तरह से पारदर्शी है। शासन द्वारा जारी दिशा-निर्देश के अनुसार ही आरक्षण प्रक्रिया को पूर्ण किया जा रहा है।







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