Home कैरियर 60 साल की उम्र के बाद SBI समेत कई बैंक देंगे आपको...

60 साल की उम्र के बाद SBI समेत कई बैंक देंगे आपको हर महीने पेंशन! जानिए क्या है ये स्कीम


नई दिल्ली. जैसे-जैसे उम्र बढ़ने लगती है वैसे-वैसे काम करने की क्षमता भी घटती जाती है. ऐसी स्थिति में सबसे बड़ी परेशानी घर चलाने के लिए पैसों को लेकर आती है. लेकिन सही तरीके से अपने एसेट्स यानी संपत्तियों का इस्तेमाल किया जाए तो आसानी से पूरी जिदंगी इसके जरिए बिताई जा सकती है. जी हां..आमतौर पर लोग घर खरीदने में अपनी सारी जमा पूंजी का निवेश कर देते हैं जिसके बाद उनके पास रिटायरमेंट के बाद नियमित आय का कोई स्रोत नहीं बचता. अगर आप प्राइवेट एम्प्लॉई हैं और आपको फ्यूचर के लिए पेंशन की चिंता है तो अब आपको टेंशन लेने की कोई जरूरत नहीं है. हम आपको बता रहे हैं रिटायरमेंट के बाद अगर आपके पास घर है तो SBI और PNB बैंक अपनी इस स्कीम के तहत आपको पेंशन देंगी. जानें कैसे क्या है ये स्कीम-

कैसे मिलेगी जिदंगी भर पेंशन-आज हम आपको बताते हैं रिवर्स मॉर्गेज लोन (Reverse Mortgage Loan) के बारे में. भारत में इस लोन को बहुत कम लोग लेते हैं. कई सीनियर सिटीजंस को इस स्कीम के बारे में जानकारी नहीं होती या फिर उनके परिवार के लोग उनका खर्च चलाते हैं जिससे सीनियर सिटीजन्स को ऐसे लोन की जरूरत ही नहीं पड़ती.

ये भी पढ़ें-बैंक से परेशान एक आदमी ने ट्विटर पर की वित्त मंत्री से शिकायत, तुरंत हुआ एक्शन

जैसा कि यह नाम से ही रिवर्स लग रहा है, मतलब वापस. इसे अच्छे तरीके से समझने के लिए चलिए हम होम लोन का सहारा लेते हैं. होम लोन में हमें घर के सारे दास्तावेज जमा करने पर लोन मिल जाता है. फिर उस लोन को चुकाने के लिए महीने की किस्त भरते रहते हैं. जिसे ईएमआई कहते हैं.

अगर आसान शब्दों में कहें तो एक मुश्त रकम मिल गई. फिर उसे किश्तों में भरते रहते हैं. अब रिवर्स मॉर्गेज लोन में होता यह है कि बैंक आपका घर गिरवी रख लेते हैं. फिर हर महीने बैंक आपको पैसे देते रहते हैं. आवेदक की जब मृत्यु हो जाती है तो ये घर बैंक का हो जाता है.

कौन ले सकता हैं इस स्कीम का फायदा- एक्सपर्ट्स बताते हैं कि यह सही है कि यह कार लोन, पर्सनल लोन, एजुकेशन लोन से अलग है. इस लोन को पाने के लिए ही 60 साल से अधिक की उम्र होना जरूरी है. वहीं महिलाओं के लिए 58 साल की उम्र होना आवश्यक है.

ऐसे घर महीने खाते में आते रहेंगे पैसे- इस स्कीम के तहत मालिक को बैंक को पैसा वापस नहीं करना होता है. बैंक आपके घर को गिरवी रखने के हर महीने पैसा देता रहता है. इस स्कीम के तहत बैंक 60 साल की उम्र से अधिक लोगों को ही लोन देता है.

कुछ बैंक हैं जो 72 साल की उम्र पार करने पर ये लोन नहीं देते. यह लोन 15 साल तक के लिए ही मिलता है. यदि पति-पत्नी दोनों लोग इस लोन के लिए अप्लाई करते हैं तो पति की उम्र 60 साल और पत्नी की उम्र 58 साल होना जरूरी है.

मुझे हर महीने कितने पैसे मिलेंगे- आपको हर महीने कितना पैसा मिलेगा, यह घर की कीमत पर निर्भर करता है. घर की कीमत पर 60 फीसदी लोन मिल सकता है. इसके साथ ही मालिक अपने घर पर रह सकता है. रिवर्स मॉर्गेज स्कीम के तहत अपना घर गिरवी रखने वाले व्यक्ति की मृत्यु के बाद घर बैंक का हो जाता है. अब यदि उस व्यक्ति के परिजन घर लेना चाहें तो घर की कीमत देकर घर को खरीदा जा सकता है.

यह लोन उन सीनियर सिटीजन्स के लिए उपयोगी है, जिनकी देखभाल करने वाला कोई नहीं है. परिवार में उनके बच्चे उनसे अलग रहते हैं. साथ ही खर्च करने के लिए पैसे भी नहीं देते. या फिर आप सिंगल हैं आपने कोई पेंशन स्कीम भी नहीं ली है. ऐसे में अगर कोई सीनियर सिटीजंस बेसहारा हो जाये तो उसके लिए रिवर्स मॉर्गेज लोन किसी संजीवनी से कम नहीं है.

ये भी पढ़ें-खुलवाया हैं ज्वाइंट खाता और कराई है FD, जानिए अब आपके कितने लाख रु रहेंगे सेफ





Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments